RPwD Act 2016, RCI Act & National Trust Act — प्रश्न उत्तर सहित
20 प्रश्न·व्याख्या सहित·आरपीएससी स्कूल व्याख्याता (विशेष शिक्षा) के लिए
प्रश्न
प्रश्न 1
भारतीय पुनर्वास परिषद अधिनियम, 1992 (1992 का अधिनियम संख्या 34) को राष्ट्रपति की स्वीकृति कब मिली?
(1)22 जून 1993
(2)4 सितंबर 2000
(3)26 जनवरी 1992
(4)1 सितंबर 1992✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) 1 सितंबर 1992
व्याख्या
RCI अधिनियम, 1992 को 1 सितंबर 1992 को राष्ट्रपति की स्वीकृति मिली; परिषद 22 जून 1993 को सांविधिक बनी और 2000 में अधिनियम संशोधित हुआ।
प्रश्न 2
भारतीय पुनर्वास परिषद अधिनियम, 1992 की धारा 2(1)(n) के अंतर्गत निम्नलिखित में से कौन 'पुनर्वास व्यावसायिक' हैं?
1. नैदानिक मनोवैज्ञानिक
2. श्रवण यंत्र एवं ईयर मोल्ड तकनीशियन
3. व्यावसायिक परामर्शदाता, रोज़गार अधिकारी और प्लेसमेंट अधिकारी
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
(1)केवल 1 और 2
(2)केवल 2 और 3
(3)केवल 1 और 3
(4)1, 2 और 3✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) 1, 2 और 3
व्याख्या
धारा 2(1)(n) में ऑडियोलॉजिस्ट व स्पीच थेरेपिस्ट, नैदानिक मनोवैज्ञानिक, श्रवण यंत्र व ईयर मोल्ड तकनीशियन, पुनर्वास इंजीनियर, विशेष शिक्षक, व्यावसायिक परामर्शदाता/रोज़गार/प्लेसमेंट अधिकारी और बहुउद्देशीय पुनर्वास थेरेपिस्ट शामिल हैं।
प्रश्न 3
भारतीय पुनर्वास परिषद अधिनियम, 1992 की धारा 3(3)(h) के अनुसार परिषद में तीन संसद सदस्य होते हैं, जिनमें से:
(1)दो लोकसभा द्वारा और एक राज्यसभा द्वारा निर्वाचित होते हैं✓ सही उत्तर
(2)एक लोकसभा द्वारा और दो राज्यसभा द्वारा निर्वाचित होते हैं
(3)तीनों लोकसभा अध्यक्ष द्वारा मनोनीत होते हैं
(4)तीनों केंद्र सरकार द्वारा मनोनीत होते हैं
उत्तर: (1) दो लोकसभा द्वारा और एक राज्यसभा द्वारा निर्वाचित होते हैं
व्याख्या
धारा 3(3)(h) के अनुसार तीन सांसद होते हैं: दो लोकसभा द्वारा और एक राज्यसभा द्वारा निर्वाचित।
प्रश्न 4
भारतीय पुनर्वास परिषद अधिनियम, 1992 की धारा 7 के अनुसार कार्यकारी समिति में अध्यक्ष (पदेन) के अतिरिक्त परिषद द्वारा अपने सदस्यों में से कितने सदस्य मनोनीत होते हैं?
(1)कम से कम 3 और अधिकतम 5
(2)कम से कम 5 और अधिकतम 15
(3)कम से कम 7 और अधिकतम 10✓ सही उत्तर
(4)ठीक 12
उत्तर: (3) कम से कम 7 और अधिकतम 10
व्याख्या
धारा 7(2) के अनुसार कार्यकारी समिति में पदेन अध्यक्ष तथा कम से कम सात और अधिकतम दस मनोनीत सदस्य होते हैं।
प्रश्न 5
भारतीय पुनर्वास परिषद अधिनियम, 1992 (2000 में यथासंशोधित) के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. धारा 13 के अनुसार केवल रजिस्टर में नामांकित पुनर्वास व्यावसायिक ही भारत में कहीं भी पुनर्वास व्यावसायिक के रूप में प्रैक्टिस कर सकता है।
2. रजिस्टर से नाम हटाए जाने के विरुद्ध अपील केंद्र सरकार को होती है।
3. ऐसी अपील आदेश के तीस दिनों के भीतर दायर करनी होती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
(1)केवल 1 और 2✓ सही उत्तर
(2)केवल 2 और 3
(3)केवल 1 और 3
(4)1, 2 और 3
उत्तर: (1) केवल 1 और 2
व्याख्या
धारा 13 और 22 के प्रावधान सही हैं, परंतु 2000 के संशोधन ने धारा 22 में अपील की अवधि तीस से बढ़ाकर साठ दिन कर दी।
प्रश्न 6
भारतीय पुनर्वास परिषद (संशोधन) अधिनियम, 2000 ने अधिनियम के दीर्घ शीर्षक में परिषद के उद्देश्य का विस्तार कर किसे शामिल किया?
(1)दिव्यांगजनों को दिव्यांगता प्रमाणपत्र जारी करना
(2)पुनर्वास एवं विशेष शिक्षा में अनुसंधान को बढ़ावा देना✓ सही उत्तर
(3)प्रत्येक ज़िले में सीधे विशेष विद्यालय चलाना
(4)सामान्य शिक्षक शिक्षा महाविद्यालयों का विनियमन करना
उत्तर: (2) पुनर्वास एवं विशेष शिक्षा में अनुसंधान को बढ़ावा देना
व्याख्या
2000 के संशोधन के बाद दीर्घ शीर्षक में पुनर्वास व्यावसायिकों/कार्मिकों के प्रशिक्षण का विनियमन-निगरानी और पुनर्वास एवं विशेष शिक्षा में अनुसंधान को बढ़ावा देना शामिल है।
प्रश्न 7
स्वपरायणता, प्रमस्तिष्क घात, मानसिक मंदता और बहु-दिव्यांगता ग्रस्त व्यक्तियों के कल्याणार्थ राष्ट्रीय न्यास अधिनियम, 1999 की धारा 2(o) के अनुसार 'गंभीर दिव्यांगता' का अर्थ है:
(1)किसी एक दिव्यांगता की 60% या अधिक दिव्यांगता
(2)एक या अधिक बहु-दिव्यांगताओं की 70% या अधिक दिव्यांगता
(3)किसी एक दिव्यांगता की 90% या अधिक दिव्यांगता
(4)एक या अधिक बहु-दिव्यांगताओं की 80% या अधिक दिव्यांगता✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) एक या अधिक बहु-दिव्यांगताओं की 80% या अधिक दिव्यांगता
व्याख्या
राष्ट्रीय न्यास अधिनियम, 1999 की धारा 2(o) गंभीर दिव्यांगता को एक या अधिक बहु-दिव्यांगताओं की 80% या अधिक दिव्यांगता के रूप में परिभाषित करती है।
प्रश्न 8
राष्ट्रीय न्यास अधिनियम, 1999 के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. न्यास का मुख्यालय नई दिल्ली में है।
2. सत्तर वर्ष की आयु प्राप्त करने के बाद कोई व्यक्ति अध्यक्ष या सदस्य नहीं रह सकता।
3. अध्यक्ष और सदस्यों का कार्यकाल तीन वर्ष का होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
(1)केवल 1 और 2
(2)केवल 2 और 3
(3)केवल 1 और 3✓ सही उत्तर
(4)1, 2 और 3
उत्तर: (3) केवल 1 और 3
व्याख्या
धारा 3(3) के अनुसार मुख्यालय नई दिल्ली में है और धारा 4(1) में कार्यकाल तीन वर्ष है; आयु सीमा सत्तर नहीं, पैंसठ वर्ष है।
प्रश्न 9
राष्ट्रीय न्यास अधिनियम, 1999 की धारा 11(1)(a) के अनुसार बोर्ड को केंद्र सरकार से कोष (कॉर्पस) हेतु कितना एकमुश्त अंशदान मिलता है?
(1)₹100 करोड़✓ सही उत्तर
(2)₹50 करोड़
(3)₹200 करोड़
(4)₹500 करोड़
उत्तर: (1) ₹100 करोड़
व्याख्या
धारा 11(1)(a) में ₹100 करोड़ का एकमुश्त कोष है, जिसकी आय दिव्यांगजनों के पर्याप्त जीवन-स्तर हेतु प्रयोग होती है।
प्रश्न 10
राष्ट्रीय न्यास अधिनियम, 1999 की धारा 13 के अनुसार स्थानीय स्तर समिति में कौन होते हैं?
(1)ज़िला न्यायाधीश, मुख्य चिकित्सा अधिकारी और एक विशेष शिक्षक
(2)उपखंड मजिस्ट्रेट, खंड विकास अधिकारी और एक अभिभावक
(3)ज़िला मजिस्ट्रेट से अनिम्न रैंक का सिविल सेवा अधिकारी, एक पंजीकृत संगठन का प्रतिनिधि और एक दिव्यांग व्यक्ति✓ सही उत्तर
(4)कलेक्टर, एक नैदानिक मनोवैज्ञानिक और एक सामाजिक कार्यकर्ता
उत्तर: (3) ज़िला मजिस्ट्रेट से अनिम्न रैंक का सिविल सेवा अधिकारी, एक पंजीकृत संगठन का प्रतिनिधि और एक दिव्यांग व्यक्ति
व्याख्या
धारा 13(2) में ज़िला मजिस्ट्रेट से अनिम्न रैंक का अधिकारी, पंजीकृत संगठन का प्रतिनिधि और एक दिव्यांग व्यक्ति हैं; समिति तीन वर्ष कार्य करती है।
प्रश्न 11
राष्ट्रीय न्यास अधिनियम, 1999 की धारा 16(1) के अनुसार धारा 14 के तहत नियुक्त संरक्षक को दिव्यांग व्यक्ति की संपत्ति की सूची नियुक्ति प्राधिकारी को कितने समय में देनी होती है?
(1)नियुक्ति की तिथि से तीन माह
(2)नियुक्ति की तिथि से छह माह✓ सही उत्तर
(3)नियुक्ति की तिथि से एक माह
(4)नियुक्ति की तिथि से एक वर्ष
उत्तर: (2) नियुक्ति की तिथि से छह माह
व्याख्या
धारा 16(1) में नियुक्ति के छह माह में सूची देनी होती है; धारा 16(2) में प्रत्येक वित्तीय वर्ष की समाप्ति के तीन माह में लेखा देना होता है।
प्रश्न 12
राष्ट्रीय न्यास की योजनाओं को उनकी प्रकृति से सुमेलित कीजिए:
A. दिशा B. विकास C. समर्थ D. घरौंदा
1. विश्राम देखभाल (रेस्पाइट केयर) 2. वयस्कों हेतु समूह आवास 3. प्रारंभिक हस्तक्षेप एवं विद्यालय तत्परता (0–10 वर्ष) 4. दिवा देखभाल (डे केयर)
(1)A-4, B-3, C-1, D-2
(2)A-3, B-4, C-2, D-1
(3)A-3, B-1, C-4, D-2
(4)A-3, B-4, C-1, D-2✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) A-3, B-4, C-1, D-2
व्याख्या
दिशा प्रारंभिक हस्तक्षेप (0–10 वर्ष), विकास दिवा देखभाल, समर्थ विश्राम देखभाल और घरौंदा वयस्कों हेतु समूह आवास योजना है।
प्रश्न 13
राष्ट्रीय न्यास की 'निरामया' योजना क्या प्रदान करती है?
(1)₹1 लाख तक का किफ़ायती स्वास्थ्य बीमा कवर✓ सही उत्तर
(2)देखभालकर्ता प्रकोष्ठों द्वारा देखभालकर्ता प्रशिक्षण
(3)दिव्यांगजनों द्वारा बने उत्पादों हेतु विपणन सहायता
(4)संसाधन केंद्रों के माध्यम से सहायक यंत्र एवं उपकरण
उत्तर: (1) ₹1 लाख तक का किफ़ायती स्वास्थ्य बीमा कवर
व्याख्या
निरामया राष्ट्रीय न्यास की ₹1 लाख तक की स्वास्थ्य बीमा योजना है; अन्य विकल्प सहयोगी, प्रेरणा और संभव योजनाओं के हैं।
प्रश्न 14
दिव्यांगजन अधिकार (RPwD) अधिनियम, 2016 की धारा 16 के अंतर्गत समावेशी शिक्षा प्रदान करने का दायित्व किन शैक्षिक संस्थानों पर है?
(1)केवल केंद्र सरकार द्वारा संचालित
(2)केवल RCI में पंजीकृत विशेष विद्यालय
(3)समुचित सरकार और स्थानीय प्राधिकारियों द्वारा वित्तपोषित या मान्यताप्राप्त✓ सही उत्तर
(4)केवल निजी गैर-सहायता प्राप्त विद्यालय
उत्तर: (3) समुचित सरकार और स्थानीय प्राधिकारियों द्वारा वित्तपोषित या मान्यताप्राप्त
व्याख्या
धारा 16 के अनुसार समुचित सरकार और स्थानीय प्राधिकारी यह सुनिश्चित करेंगे कि उनके द्वारा वित्तपोषित या मान्यताप्राप्त सभी शैक्षिक संस्थान समावेशी शिक्षा दें।
प्रश्न 15
दिव्यांगजन अधिकार (RPwD) अधिनियम, 2016 की धारा 16(vi) के अनुसार शैक्षिक संस्थान बच्चों में किसकी यथाशीघ्र पहचान कर उसके निवारण हेतु उपयुक्त शैक्षणिक एवं अन्य उपाय करेंगे?
(1)मांसपेशीय दुर्विकास
(2)विशिष्ट अधिगम दिव्यांगता✓ सही उत्तर
(3)निम्न दृष्टि
(4)चलन दिव्यांगता
उत्तर: (2) विशिष्ट अधिगम दिव्यांगता
व्याख्या
धारा 16(vi) विशेष रूप से विशिष्ट अधिगम दिव्यांगता की शीघ्र पहचान और उपयुक्त शैक्षणिक उपायों की अपेक्षा करती है।
प्रश्न 16
दिव्यांगजन अधिकार (RPwD) अधिनियम, 2016 की धारा 16(viii) के अनुसार परिवहन सुविधा दिव्यांग बच्चों के साथ-साथ किसे भी दी जाएगी?
(1)प्रत्येक दिव्यांग बच्चे के माता-पिता को
(2)गृह-भ्रमण करने वाले विशेष शिक्षकों को
(3)उसी विद्यालय में पढ़ने वाले भाई-बहनों को
(4)उच्च सहायता आवश्यकता वाले दिव्यांग बच्चों के परिचारक को✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) उच्च सहायता आवश्यकता वाले दिव्यांग बच्चों के परिचारक को
व्याख्या
धारा 16(viii) दिव्यांग बच्चों तथा उच्च सहायता आवश्यकता वाले दिव्यांग बच्चों के परिचारक के लिए परिवहन सुविधा का प्रावधान करती है।
प्रश्न 17
दिव्यांगजन अधिकार (RPwD) अधिनियम, 2016 की धारा 16(v) के अनुसार दृष्टिहीन या बधिर या दोनों प्रकार के व्यक्तियों की शिक्षा किसमें दी जाएगी?
(1)सर्वाधिक उपयुक्त भाषाओं तथा संप्रेषण के तरीकों और साधनों में✓ सही उत्तर
(2)केवल ब्रेल में
(3)केवल भारतीय सांकेतिक भाषा में
(4)केवल राज्य की राजभाषा में
उत्तर: (1) सर्वाधिक उपयुक्त भाषाओं तथा संप्रेषण के तरीकों और साधनों में
व्याख्या
धारा 16(v) दृष्टिहीन, बधिर या बधिर-दृष्टिहीन शिक्षार्थियों के लिए सर्वाधिक उपयुक्त भाषाओं तथा संप्रेषण के तरीकों और साधनों की अपेक्षा करती है।
प्रश्न 18
दिव्यांगजन अधिकार (RPwD) अधिनियम, 2016 की धारा 16 के अंतर्गत शैक्षिक संस्थान:
1. दिव्यांग बच्चों को केवल मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा आकलन के बाद प्रवेश देंगे।
2. व्यक्ति की आवश्यकता के अनुसार युक्तियुक्त आवास (reasonable accommodation) प्रदान करेंगे।
3. प्रत्येक दिव्यांग विद्यार्थी की सहभागिता, उपलब्धि स्तर की प्रगति और शिक्षा पूर्ण होने की निगरानी करेंगे।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
(1)केवल 1 और 2
(2)केवल 2 और 3✓ सही उत्तर
(3)केवल 1 और 3
(4)1, 2 और 3
उत्तर: (2) केवल 2 और 3
व्याख्या
धारा 16(iii) और 16(vii) कथन 2 और 3 के अनुरूप हैं; धारा 16(i) बिना भेदभाव प्रवेश की बात करती है, कोई चिकित्सीय पूर्व-शर्त नहीं।
प्रश्न 19
निम्नलिखित में से कौन दिव्यांगजन अधिकार (RPwD) अधिनियम, 2016 की धारा 16 में सूचीबद्ध शैक्षिक संस्थानों के कर्तव्यों में शामिल नहीं है?
(1)भवन, परिसर और विभिन्न सुविधाओं को सुगम्य बनाना
(2)दूसरों के समान शिक्षा तथा खेल और मनोरंजन के अवसर देना
(3)प्रत्येक पाँच वर्ष में विद्यालय जाने वाले बच्चों का सर्वेक्षण करना✓ सही उत्तर
(4)शैक्षिक व सामाजिक विकास को अधिकतम करने वाले वातावरण में वैयक्तिक या अन्य आवश्यक सहायता देना
उत्तर: (3) प्रत्येक पाँच वर्ष में विद्यालय जाने वाले बच्चों का सर्वेक्षण करना
व्याख्या
पाँच-वार्षिक सर्वेक्षण धारा 17(a) के तहत समुचित सरकार और स्थानीय प्राधिकारियों का उपाय है, धारा 16 के तहत संस्थानों का कर्तव्य नहीं।
प्रश्न 20
दिव्यांगजन अधिकार (RPwD) अधिनियम, 2016 का अध्याय III ('शिक्षा') धारा 18 पर समाप्त होता है। धारा 18 किससे संबंधित है?
(1)उच्च शिक्षा में सीटों का आरक्षण
(2)प्रौढ़ एवं सतत शिक्षा कार्यक्रमों में दिव्यांगजनों की सहभागिता✓ सही उत्तर
(3)व्यावसायिक प्रशिक्षण और स्वरोज़गार
(4)पड़ोस के विद्यालयों में निःशुल्क शिक्षा
उत्तर: (2) प्रौढ़ एवं सतत शिक्षा कार्यक्रमों में दिव्यांगजनों की सहभागिता
व्याख्या
अध्याय III में धारा 16–18 हैं; धारा 18 प्रौढ़ एवं सतत शिक्षा में दिव्यांगजनों की समान सहभागिता सुनिश्चित करने को कहती है।