20 प्रश्न·व्याख्या सहित·आरपीएससी स्कूल व्याख्याता (विशेष शिक्षा) के लिए
प्रश्न
प्रश्न 1
पियाजे के अनुसार वस्तु-स्थायित्व (object permanence) किस अवस्था में विकसित होता है?
(1)संवेदी-गामक (संवेदी-पेशीय)✓ सही उत्तर
(2)पूर्व-संक्रियात्मक
(3)मूर्त संक्रियात्मक
(4)औपचारिक संक्रियात्मक
उत्तर: (1) संवेदी-गामक (संवेदी-पेशीय)
व्याख्या
वस्तु-स्थायित्व संवेदी-गामक अवस्था (जन्म से लगभग 2 वर्ष) की प्रमुख उपलब्धि है।
प्रश्न 2
'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (ZPD) की अवधारणा किसने दी?
(1)जीन पियाजे
(2)लेव वायगोत्स्की✓ सही उत्तर
(3)जेरोम ब्रूनर
(4)बी.एफ. स्किनर
उत्तर: (2) लेव वायगोत्स्की
व्याख्या
ZPD, अर्थात् स्वयं और सहायता से किए जा सकने वाले कार्य के बीच का अंतर, वायगोत्स्की की अवधारणा है।
प्रश्न 3
क्रिया-प्रसूत (सक्रिय) अनुबंधन सिद्धांत किससे संबंधित है?
(1)इवान पावलोव
(2)ई.एल. थॉर्नडाइक
(3)बी.एफ. स्किनर✓ सही उत्तर
(4)जे.बी. वॉटसन
उत्तर: (3) बी.एफ. स्किनर
व्याख्या
बी.एफ. स्किनर ने चूहों और कबूतरों पर स्किनर बॉक्स द्वारा क्रिया-प्रसूत अनुबंधन का प्रतिपादन किया।
प्रश्न 4
थॉर्नडाइक के प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत से संबंधित प्रसिद्ध पज़ल-बॉक्स प्रयोग मुख्यतः किस प्राणी पर किए गए?
(1)कुत्ता
(2)चूहा
(3)कबूतर
(4)बिल्ली✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) बिल्ली
व्याख्या
थॉर्नडाइक ने भूखी बिल्ली को पज़ल-बॉक्स में रखकर प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत व सीखने के नियम दिए।
प्रश्न 5
पियाजे के अनुसार मूर्त संक्रियात्मक अवस्था की आयु-सीमा क्या है?
(1)0–2 वर्ष
(2)2–7 वर्ष
(3)11 वर्ष से आगे
(4)7–11 वर्ष✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) 7–11 वर्ष
व्याख्या
पियाजे की मूर्त संक्रियात्मक अवस्था लगभग 7 से 11 वर्ष की होती है, जिसमें मूर्त वस्तुओं पर तार्किक चिंतन विकसित होता है।
प्रश्न 6
पावलोव के प्रयोग में अनुबंधन के बाद घंटी की ध्वनि क्या बन जाती है?
(1)अननुबंधित उद्दीपक
(2)अनुबंधित उद्दीपक✓ सही उत्तर
(3)अननुबंधित अनुक्रिया
(4)अनुबंधित अनुक्रिया
उत्तर: (2) अनुबंधित उद्दीपक
व्याख्या
घंटी पहले तटस्थ उद्दीपक थी, जो भोजन के साथ बार-बार प्रस्तुत होने पर अनुबंधित उद्दीपक बनकर लार स्राव कराती है।
प्रश्न 7
हावर्ड गार्डनर के बहु-बुद्धि सिद्धांत में निम्न में से कौन-सी बुद्धि शामिल है?
(1)संवेगात्मक बुद्धि
(2)सृजनात्मक बुद्धि
(3)शारीरिक-गतिसंवेदी बुद्धि✓ सही उत्तर
(4)व्यावहारिक बुद्धि
उत्तर: (3) शारीरिक-गतिसंवेदी बुद्धि
व्याख्या
शारीरिक-गतिसंवेदी बुद्धि गार्डनर की सूची में है; संवेगात्मक बुद्धि गोलमैन से तथा सृजनात्मक/व्यावहारिक बुद्धि स्टर्नबर्ग के त्रिचापीय सिद्धांत से जुड़ी है।
प्रश्न 8
कोहलबर्ग के नैतिक विकास सिद्धांत में कितनी अवस्थाएँ हैं?
(1)3
(2)4
(3)5
(4)6✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) 6
व्याख्या
कोहलबर्ग ने 3 स्तर (पूर्व-परंपरागत, परंपरागत, उत्तर-परंपरागत) बताए, प्रत्येक में 2 अवस्थाएँ, कुल 6 अवस्थाएँ।
प्रश्न 9
मैस्लो के मूल पाँच-स्तरीय आवश्यकता पदानुक्रम में सबसे ऊपर कौन-सी आवश्यकता है?
(1)आत्मसिद्धि (आत्म-वास्तवीकरण)✓ सही उत्तर
(2)सम्मान
(3)सुरक्षा
(4)प्रेम एवं संबद्धता
उत्तर: (1) आत्मसिद्धि (आत्म-वास्तवीकरण)
व्याख्या
मैस्लो के पाँच-स्तरीय मॉडल में सबसे नीचे शारीरिक तथा सबसे ऊपर आत्मसिद्धि की आवश्यकता है।
प्रश्न 10
संशोधित ब्लूम वर्गीकरण (एंडरसन व क्राथवोल, 2001) में संज्ञानात्मक क्षेत्र का सर्वोच्च स्तर कौन-सा है?
(1)मूल्यांकन करना
(2)सृजन करना✓ सही उत्तर
(3)विश्लेषण करना
(4)अनुप्रयोग करना
उत्तर: (2) सृजन करना
व्याख्या
संशोधित क्रम है: स्मरण, बोध, अनुप्रयोग, विश्लेषण, मूल्यांकन, सृजन; सर्वोच्च स्तर 'सृजन' है (1956 के मूल वर्गीकरण में मूल्यांकन सर्वोच्च था)।
प्रश्न 11
कोहलबर्ग की 'दंड एवं आज्ञापालन अभिमुखता' अवस्था नैतिक विकास के किस स्तर से संबंधित है?
(1)परंपरागत
(2)उत्तर-परंपरागत
(3)पूर्व-परंपरागत✓ सही उत्तर
(4)संक्रमणकालीन
उत्तर: (3) पूर्व-परंपरागत
व्याख्या
दंड एवं आज्ञापालन अभिमुखता अवस्था 1 है, जो पूर्व-परंपरागत स्तर की पहली अवस्था है।
प्रश्न 12
पियाजे के सिद्धांत में नई जानकारी को मौजूदा स्कीमा में बिना उसे बदले समाहित करना क्या कहलाता है?
(1)आत्मसात्करण✓ सही उत्तर
(2)समायोजन
(3)साम्यधारण
(4)संरक्षण
उत्तर: (1) आत्मसात्करण
व्याख्या
आत्मसात्करण में नए अनुभव मौजूदा स्कीमा में समाहित होते हैं, जबकि समायोजन में स्कीमा स्वयं बदलता है।
प्रश्न 13
शिक्षा मनोविज्ञान के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह मनोविज्ञान की एक व्यावहारिक (अनुप्रयुक्त) शाखा है।
2. यह शिक्षार्थी, अधिगम प्रक्रिया और अधिगम परिस्थिति का अध्ययन करती है।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
(1)केवल 1
(2)केवल 2
(3)1 और 2 दोनों✓ सही उत्तर
(4)न तो 1 और न ही 2
उत्तर: (3) 1 और 2 दोनों
व्याख्या
शिक्षा मनोविज्ञान मनोविज्ञान के सिद्धांतों को शिक्षा में लागू करता है; इसके क्षेत्र में शिक्षार्थी, अधिगम प्रक्रिया और अधिगम परिस्थिति आते हैं।
प्रश्न 14
कक्षा 11 की एक छात्रा कक्षा में उत्तर देने से बचती है क्योंकि उसे लगता है कि सब लोग लगातार उसे देख रहे हैं और उसके रूप-रंग को परख रहे हैं। डेविड एल्काइंड ने किशोर अहंकेंद्रिता की इस विशेषता को क्या कहा?
(1)व्यक्तिगत दंतकथा (पर्सनल फेबल)
(2)काल्पनिक दर्शक (इमैजिनरी ऑडियंस)✓ सही उत्तर
(3)पहचान विसरण
(4)अधिगत असहायता
उत्तर: (2) काल्पनिक दर्शक (इमैजिनरी ऑडियंस)
व्याख्या
एल्काइंड (1967) के अनुसार 'काल्पनिक दर्शक' किशोर की यह धारणा है कि दूसरे लोग हर समय उसे देख और परख रहे हैं।
प्रश्न 15
कक्षा 12 के छात्र रोहित ने किसी अन्य करियर को खोजे-परखे बिना केवल इसलिए डॉक्टर बनने का निर्णय लिया है क्योंकि उसके माता-पिता ऐसा चाहते थे। जेम्स मार्शिया के अनुसार उसकी पहचान स्थिति है:
(1)पहचान उपलब्धि
(2)पहचान अधिस्थगन
(3)पहचान विसरण
(4)पहचान पूर्वबंद (फोरक्लोज़र)✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) पहचान पूर्वबंद (फोरक्लोज़र)
व्याख्या
पूर्वबंद (फोरक्लोज़र) का अर्थ है बिना खोज के प्रतिबद्धता, प्रायः माता-पिता के निर्णय को बिना प्रश्न किए स्वीकार कर लेना।
प्रश्न 16
एक उच्च माध्यमिक छात्र कहता है, 'यदि पौधों को अधिक प्रकाश मिले, तो वे तेज़ी से बढ़ेंगे', और फिर एक समय में केवल एक कारक बदलकर इसकी जाँच करता है। पियाजे के अनुसार यह दर्शाता है:
(1)संरक्षण (कंज़र्वेशन)
(2)परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक तर्क✓ सही उत्तर
(3)केंद्रीकरण (सेंट्रेशन)
(4)पारगामी (ट्रांसडक्टिव) तर्क
उत्तर: (2) परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक तर्क
व्याख्या
परिकल्पना बनाकर उसका क्रमबद्ध परीक्षण करना परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक तर्क है, जो पियाजे की औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था (लगभग 11 वर्ष से) की विशेषता है।
प्रश्न 17
एक छात्र कहता है, 'मैं परीक्षा में नकल नहीं करूँगा क्योंकि नियमों का पालन होना चाहिए; यदि सब उन्हें तोड़ें तो समाज की व्यवस्था बिगड़ जाएगी।' यह तर्क कोहलबर्ग के किस अभिविन्यास से संबंधित है?
(1)साधनात्मक विनिमय अभिविन्यास
(2)सामाजिक अनुबंध अभिविन्यास
(3)सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास
(4)कानून और व्यवस्था अभिविन्यास✓ सही उत्तर
उत्तर: (4) कानून और व्यवस्था अभिविन्यास
व्याख्या
सामाजिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए नियमों का पालन चरण 4 (कानून और व्यवस्था) है, जो कोहलबर्ग के परंपरागत स्तर का भाग है।
प्रश्न 18
एक शिक्षक घोषणा करता है कि जो छात्र सभी असाइनमेंट समय पर जमा करेंगे, उन्हें साप्ताहिक अतिरिक्त गृहकार्य से छूट मिलेगी, और समय पर जमा करना बढ़ जाता है। स्किनर के अनुसार यह है:
(1)धनात्मक पुनर्बलन
(2)ऋणात्मक पुनर्बलन✓ सही उत्तर
(3)धनात्मक दंड
(4)विलोपन
उत्तर: (2) ऋणात्मक पुनर्बलन
व्याख्या
किसी अप्रिय उद्दीपक (अतिरिक्त गृहकार्य) को हटाकर व्यवहार को मज़बूत करना ऋणात्मक पुनर्बलन है, दंड नहीं।
प्रश्न 19
बंडूरा के अनुसार प्रेक्षणात्मक अधिगम की प्रक्रियाओं का सही क्रम कौन-सा है?
(1)अवधान → धारण → पुनरुत्पादन → अभिप्रेरणा✓ सही उत्तर
(2)धारण → अवधान → अभिप्रेरणा → पुनरुत्पादन
(3)अवधान → अभिप्रेरणा → धारण → पुनरुत्पादन
(4)अभिप्रेरणा → अवधान → पुनरुत्पादन → धारण
उत्तर: (1) अवधान → धारण → पुनरुत्पादन → अभिप्रेरणा
व्याख्या
शिक्षार्थी पहले मॉडल पर ध्यान देता है, देखे गए व्यवहार को धारण करता है, उसे दोहराता है और अभिप्रेरित होने पर प्रदर्शित करता है।
प्रश्न 20
जेरोम ब्रूनर के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. विकास के क्रम में उनकी तीन प्रतिनिधित्व विधियाँ सक्रियात्मक (एनैक्टिव), प्रतिमात्मक (आइकॉनिक) और प्रतीकात्मक (सिम्बॉलिक) हैं।
2. उन्होंने सर्पिल (स्पाइरल) पाठ्यक्रम का समर्थन किया जिसमें विषयों को बढ़ती जटिलता के स्तर पर दोहराया जाता है।
3. उनका मत था कि कोई विषय तभी पढ़ाया जा सकता है जब बालक औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था में पहुँच जाए।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
(1)केवल 1 और 2✓ सही उत्तर
(2)केवल 2 और 3
(3)केवल 1 और 3
(4)1, 2 और 3
उत्तर: (1) केवल 1 और 2
व्याख्या
कथन 1 और 2 ब्रूनर के विचार हैं; उनका मानना था कि कोई भी विषय किसी न किसी उपयुक्त रूप में किसी भी अवस्था के बालक को पढ़ाया जा सकता है, अतः 3 गलत है।